सरायपाली :- सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत जिले में संचालित सेवा सेतु अभियान के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं और सेवाओं को आमजन तक पहुंचाने विकासखंड स्तरीय शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में आज जिले के सरायपाली विकासखण्ड अंतर्गत ग्राम बलौदा में सेवा सेतु शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में 22 ग्राम पंचायतो के लोगो ने लाभ लिया, आज की शिविर में विभिन्न शासकीय विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर अपनी-अपनी जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी आम नागरिकों को दी गई।

शिविर में श्रम विभाग द्वारा 4 हितग्राहियों को पंजीयन ‘कार्ड, उद्यानिकी विभाग ने 15 हितग्राहियों को फलदार पौधों का वितरण किया। समाज कल्याण विभाग ने 9 हितग्राहियों को पेंशन स्वीकृति प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। वहीं 9 मितानिनों का सम्मान किया गया तथा स्वास्थ्य विभाग द्वारा 10 हितग्राहियों को आयुष्मान कार्ड वितरित किए गए ।शिविर में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 131 आवेदन एवं मांगें प्राप्त हुआ

कार्यक्रम में महिला आयोग सदस्य श्रीमती सरला कोसरिया अतिथि के रूप में शामिल हुए ।’कार्यक्रम में अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष रामलाल चौहान, जनपद पंचायत सरायपाली अध्यक्ष लक्ष्मी पटेल, उपाध्यक्ष धर्मेंद्र (मुकेश) चौधरी, सदस्य उद्धव नंद, सदस्य पद्मिनी भोई उपस्थित रहे। उन्होंने सरायपाली अनुविभागीय अधिकारी तेजपाल सिंह ध्रुव के साथ उन्होंने सभी विभागों के स्टॉल का अवलोकन किया, योजनाओं की जानकारी ली और हितग्राहियों से सीधा संवाद किया। शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीण ने योजनाओं का लाभ लिया।

शिविर के साथ ही गर्भवती माताओं के लिए गोद भराई कार्यक्रम का आयोजन किया गया,

श्रीमती कोसरिया ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान का मुख्य उद्देश्य शासन की योजनाओं और सुविधाओं को पात्र हितग्राहियों तक सीधे पहुंचाना है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के जन्मदिन पर आयोजित यह अभियान सेवा, समर्पण और जनकल्याण की भावना को मजबूत करता है। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। ऐसे शिविरों के माध्यम से नागरिकों को एक ही स्थान पर विभिन्न विभागों की योजनाओं की जानकारी मिल रही है और उन्हें प्रमाण पत्र एवं लाभ तत्काल प्रदान किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास से गरीबों को पक्की छत मिल रही है, जाति प्रमाण पत्र से विद्यार्थियों को पढ़ाई और शासकीय योजनाओं में सुविधा होगी, वहीं हितग्राहियों को सामग्री देकर उनकी आजीविका मजबूत की जा रही है। गोद भराई जैसे कार्यक्रम हमारी परंपरा के साथ मातृ-शिशु स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता का भी संदेश देते हैं। उन्होंने कहा कि ’’सरकार आपके द्वार’’ की भावना से ऐसे शिविर लगातार आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि लोगों को कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और उनकी समस्याओं का समाधान स्थानीय स्तर पर ही हो सके।









